AI एलिमेंट मैचिंग से एक एस्टिमेट तैयार करें
इंपोर्ट किए गए एलिमेंट को कॉस्ट आइटम से मैच करें, AI को स्कोप की कीमत तय करने दें, उसे बिल में स्वीकार करें और भरोसा करने से पहले वैलिडेट करें।

यह कैसे काम करता है, चरण दर चरण
प्लेटफ़ॉर्म भर में 4 चरण - हर एक में आप क्या करते हैं और यह क्यों मायने रखता है।
एलिमेंट को कॉस्ट आइटम से मैच करें
तत्व मिलान → लागतअपने एलिमेंट और विवरण इंपोर्ट करें और मैचर को हर एक को कॉस्ट-डेटाबेस आइटम से मिलाने दें, हर मैच पर एक कॉन्फिडेंस स्कोर के साथ।
क्यों: सैकड़ों लाइनों को हाथ से कोड करना धीमा और असमान है। स्कोर किए गए मैच दिखाते हैं कि मशीन पर कहां भरोसा करें और कहां हाथ से जांच करें।
AI को स्कोप की कीमत तय करने दें
आकलन बिल्डर (AI)मिले हुए स्कोप पर AI एस्टिमेटर चलाएं ताकि वह प्राइस्ड लाइनें प्रस्तावित करे, फिर हर सुझाव की पुष्टि करें या उसे खारिज करें।
क्यों: मिनटों में एक पहला-पास प्राइस्ड ड्राफ्ट घंटों की बचत करता है, लेकिन कोई आंकड़ा बिड में तभी जाता है जब किसी व्यक्ति ने उस पर मुहर लगाई हो।
लाइनों को बिल में स्वीकार करें
मात्रा विवरणपुष्टि की गई लाइनों को बिल ऑफ क्वांटिटीज़ में खींचें और मात्राएं दर्ज या समायोजित करें।
क्यों: बिल वही चीज़ है जिसकी आप वास्तव में कीमत लगाते और सबमिट करते हैं। यहां मात्राओं को सही करना ही वह जगह है जहां पैसा जीता या गंवाया जाता है।
भरोसा करने से पहले वैलिडेट करें
सत्यापनशून्य कीमतों, गायब मात्राओं, डुप्लिकेट और आउटलायर दरों को चिह्नित करने के लिए तैयार बिल पर वैलिडेशन चलाएं।
क्यों: एक AI ड्राफ्ट में एक छेद या एक बेतुकी दर छूट सकती है जो सरसरी नज़र में ठीक लगे। सबमिशन से पहले इसे पकड़ना कम कीमत वाली या शर्मनाक बिड को रोकता है।
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